जब आऊँ मुंबई लिरिक्स (Mumbai Lyrics in Hindi) – Nabeel Lakhani | Eros Now Music

जब आऊँ मुंबई के बोल | Nabeel Lakhani द्वारा गाया, लिखा और संगीतबद्ध यह गीत मुंबई शहर की पृष्ठभूमि में प्यार, वादों और मिलन की तड़प की कहानी कहता है। Eros Now Music पर उपलब्ध।

Mumbai Song Poster from Eros Now Music

Mumbai Lyrics in Hindi – Full Song Lyrics (जब आऊँ मुंबई)

फिर से तेरे गली आ गया मैं
जो खाई थी क़सम वो तोड़ गया मैं
ये बोला था कि तुझसे है ना मिलना मुझे
पर तुझसे दूर ना रहना है अब मुझे
अंजाने शहर में लगता है अकेला मुझे

पर तू जो साथ हो, साथ हो मेरे
फिर ये दिल में ना अंधेरे
ना कोई शिकवा, 
ना गिला है मेरी जान
जब तू पास हो,
पास होती है महबूबा

जब आऊँ मुंबई,
तू मिलने आना मुझसे तू बेबी
जब आऊँ मुंबई,
तू भाग के आ जाना मेरी बाहों में
जब आऊँ मुंबई,
तू मिलने आना मुझसे तू बेबी
जब आऊँ मुंबई,
तू भाग के आ जाना मेरी बाहों में
जब आऊँ मैं

काटे तेरे बिना जो रातें थीं
कैसे समझाऊँ तुझे? (ऊह)
बाहर से मैं हँसता था
अंदर से दम मेरा घुटता रहे (ऊह-ऊह)
काटी तेरे बिना जो रातें थीं
कैसे समझाऊँ तुझे? (ऊह)
बाहर से मैं हँसता था
अंदर से दम मेरा घुटता रहे

जब आऊँ मुंबई,
तू मिलने आना मुझसे तू बेबी
जब आऊँ मुंबई,
तू भाग के आ जाना मेरी बाहों में
जब आऊँ मुंबई,
तू मिलने आना मुझसे तू बेबी
जब आऊँ मुंबई,
तू भाग के आ जाना मेरी बाहों में
जब आऊँ मैं

जब आऊँ मैं
जब आऊँ मैं...!

👉 In English - Mumbai Lyrics – Nabeel Lakhani

गीतकार: नबील लखानी


About Mumbai (जब आऊँ मुंबई) Song

यह गाना "जब आऊँ मुंबई" है, जिसे Nabeel Lakhani ने गाया, लिखा और संगीत दिया है, यह गाना Eros Now Music पर उपलब्ध है, और इसमें Nabeel Lakhani और Ritu Malik नजर आते हैं। 
गाने के बोल एक ऐसे शख्स की कहानी बताते हैं जो Mumbai शहर में वापस आया है, और वह अपनी पुरानी कसम तोड़कर फिर से उसी इंसान की गली में लौट आया है, जिससे मिलने का उसने इनकार किया था, वह कहता है कि उसने वादा किया था कि वह उससे नहीं मिलेगा, लेकिन अब उसे एहसास है कि वह उससे दूर नहीं रह सकता, इस अनजान शहर में उसे अकेलापन महसूस होता है, लेकिन जब वह व्यक्ति उसके साथ होता है तो उसके दिल में अंधेरा नहीं रहता, न कोई शिकायत रहती है और न ही कोई गिला, क्योंकि जब उसकी महबूबा पास होती है तो सब कुछ खूबसूरत लगता है। 

फिर गाने का मुख्य हिस्सा आता है जहाँ गायक बार-बार कहता है "जब आऊँ मुंबई", और वह अपनी प्रेमिका से अनुरोध करता है कि वह Mumbai आने पर उससे मिलने आए, और दौड़कर उसकी बाहों में आ जाए, यह टुकड़ा गाने को यादगार बनाता है और प्रेम की तीव्र इच्छा को दर्शाता है। 
आगे के बोलों में वह अपने दर्द को बयां करता है, कि उसने बिना उसके जो रातें काटी हैं, उसे समझाना मुश्किल है, बाहर से वह हँसता दिखता था लेकिन अंदर से उसका दम घुटता रहता था, यह भावनात्मक संघर्ष गाने को गहराई देता है, और फिर से "जब आऊँ मुंबई" का रिफ्रेन दोहराया जाता है, जो इस बात को रेखांकित करता है कि Mumbai आना और उससे मिलना ही उसकी सारी उदासी का इलाज है। 

कुल मिलाकर, यह गाना प्यार, वादों, अकेलेपन और फिर मिलने की ख्वाहिश की एक सुंदर कहानी कहता है, जो Mumbai शहर की पृष्ठभूमि में और भी जीवंत हो उठती है, Nabeel Lakhani का संगीत और आवाज इसे दिल को छू लेने वाला बना देती है, और यह गाना हर उस शख्स के लिए है जो किसी से दूर रहकर भी उसके पास लौटने का इंतज़ार कर रहा है।