मोरा सावन सूख गया के लिरिक्स | Nihira Joshi की दर्द भरी आवाज़ में टूटे प्यार का मार्मिक गीत। जैसे सावन सूखा, वैसे ही ज़िंदगी से खुशियाँ खो गईं। भावुक लिरिक्स यहाँ पढ़ें।
Mora Saawan Sookh Gaya Lyrics in Hindi – Full Song Lyrics (मोरा सावन सूख गया)
शहर के कोने कोने से
चुन रहा हूँ तिनके
दबोचना है आसमान
सारे तारे गिन के
किसी से ना कहूँ
किसी की ना सुनूँ
बस उड़ना ही उड़ना है मुझे
परवाज़ हूँ मैं
कोई साज़ हूँ मैं
एक अनकही सी आवाज़ हूँ मैं
जो कल है बीता
उस कल को कल से
जोड़ने आया
वो आज हूँ मैं
वो आज हूँ मैं, वो आज हूँ मैं
वो आवाज़ हूँ मैं, वो आज हूँ मैं
वो आवाज़ हूँ मैं, हूँ मैं, हूँ मैं
वो आज हूँ मैं
वो आज हूँ मैं, हूँ मैं, हूँ मैं
वो आवाज़ हूँ मैं
राहों में खोए हैं मैंने अपने तो कई
खर्चे हैं
सपनों पे अपने हिस्सों के सभी
राहों में खोए हैं मैंने अपने तो कई
खर्चे हैं
सपनों पे अपने हिस्सों के सभी
रात काली है, सुबह आएगी
ख़्वाबों के पंख मेरे फैलाएगी
बस उड़ना ही उड़ना है मुझे
परवाज़ हूँ मैं
कोई साज़ हूँ मैं
एक अनकही सी आवाज़ हूँ मैं
जो कल है बीता
उस कल को कल से
जोड़ने आया
वो आज हूँ मैं
वो आज हूँ मैं, वो आज हूँ मैं
वो आवाज़ हूँ मैं, वो आज हूँ मैं
वो आवाज़ हूँ मैं, हूँ मैं, हूँ मैं
वो आज हूँ मैं
वो आज हूँ मैं, हूँ मैं, हूँ मैं
वो आवाज़ हूँ मैं....!
गीतकार: मनोज यादव
About Mora Saawan Sookh Gaya (मोरा सावन सूख गया) Song
यह गाना "आवाज़ हूँ मैं" है, जिसे Divyank और Akash Bhardwaj ने लिखा और compose किया है, music produce किया है Divyank ने, co-producer हैं Manash Saikia, और singer भी Divyank ही हैं, backing vocals में Ojus Gupta और Nikitha Venkatesh का योगदान है, और यह गाना Salim Sulaiman Music label से release हुआ है।
गाने के lyrics में एक ऐसी आवाज़ की कहानी है जो शहर के कोने-कोने से तिनके चुन रही है, मतलब छोटी-छोटी चीजों से भी अपनी मंजिल बनाना चाहती है, और आसमान को दबोचने, यानी ऊँचाइयों को छूने की चाहत है, सारे तारे गिनने का जज़्बा दिखता है, गाना कहता है कि मैं किसी से ना कहूँ, किसी की ना सुनूँ, बस उड़ना ही उड़ना है मुझे, यहाँ उड़ान आज़ादी और सपनों की प्रतीक है।
फिर गाने में identity को define किया गया है, "परवाज़ हूँ मैं, कोई साज़ हूँ मैं, एक अनकही सी आवाज़ हूँ मैं", यानी मैं एक उड़ान हूँ, एक संगीत हूँ, एक वो आवाज़ हूँ जो कही नहीं गई, और जो बीते हुए कल को आज से जोड़ने आया है, इसलिए वो आज हूँ मैं, यहाँ past और present के connection पर जोर है, गाना repeat करता है "वो आवाज़ हूँ मैं, वो आज हूँ मैं", जो self-affirmation और confidence दिखाता है।
आगे के lyrics में journey के struggles का जिक्र है, राहों में कई खर्चे हैं, यानी रास्ते में कई कुर्बानियाँ दी हैं, सपनों पर अपने हिस्से के सभी खर्च किए हैं, लेकिन hope बनी हुई है, क्योंकि रात काली है पर सुबह आएगी, और ख्वाबों के पंख फैलाएगी, फिर से जोर देते हुए कहा गया है कि बस उड़ना ही उड़ना है मुझे, और अंत में फिर से वही identity दोहराई गई है कि मैं परवाज़ हूँ, एक साज़ हूँ, एक अनकही आवाज़ हूँ, जो बीते कल को आज से जोड़ने वाला आज हूँ, overall यह गाना inspiration, self-discovery, और endless aspiration की beautiful expression है।