तू मैनू के बोल | पंजाबी-हिंदी का ये प्यार भरा ट्रैक Adnan Ahmad, Preetika Bhasin और Shan Ahmad ने गाया है। प्यार की उलझन और दर्द की कहानी। पूरे लिरिक्स पढ़ें।
Tu Mainu Lyrics in Hindi – Full Song Lyrics (तू मैनू)
चंडीगढ़ बैठी आ,
दिल्ली च आऊना ऐ,
सीधा आ सकदी नी,
ते कोई मैजिक चलौना ऐ।
होवेंगे दिल दे मेले,
आवेगी जब मेरे नेड़े,
रांझा मैं, ओ हीर मेरी,
जब वी मेट दी,
ओ गीत कोई
नशा तू, ता पी ला ज़रा,
मैं केहा…
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
लंघ दी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे...।
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
लंघ दी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे....।
जेहड़े शहर तों आया,
उस वल तुर वे, तुर वे, तुर वे,
फॉलो करी जान्दा बे मतलब,
हुण छड्ड दे!
तेरा मेरा कदे बनना नई कोई
सीन, सीन, सीन,
नखरा ऐ जिवें,
दिल्ली दी मैं क्वीन!
पीछे हट, हुण वार्न मैं करां,
छड्ड दे तू मैनू कल्ला वे!
गल्ल सुन, इग्नोर ना करी,
तेरे पीछे फिरा झल्ला वे…
लेट मी टेल यू,
हुण होप ना रखी,
झूठे तेरे लारे वे…
तू मैनू, तू मैनू
जचदा नी तू मैनू, ओ सोहणेया वे,
तू मैनू, तू मैनू
जचदा नी तू मैनू, ओ सोहणेया वे…
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
लंघ दी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे...।
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
लंघ दी जावे,
तू मैनू, तू मैनू, तू मैनू
जचदी जावे....।
👉 In Romanized - Tu Mainu Lyrics
गीतकार: अदनान अहमद, प्रीतिका भसीन, शान अहमद
About Tu Mainu (तू मैनू) Song
यह गाना "तू मैनू" एक प्यार और आकर्षण से भरी हुई पंजाबी-हिंदी ट्रैक है, जिसे Adnan Ahmad, Preetika Bhasin और Shan Ahmad ने लिखा, कंपोज़ किया और गाया है, और Shan Ahmad ने ही इसका म्यूजिक प्रोड्यूस किया है, Merchant Records के तहत रिलीज़ हुई है। गाने की शुरुआत चंडीगढ़ और दिल्ली के बीच की दूरी के मेटाफर से होती है, जहाँ गायक कहता है कि सीधे आना मुश्किल है, कुछ मैजिक चलाना पड़ेगा, यानी प्यार में दिल जुड़ने के लिए एक खास कोशिश की जरूरत है, और फिर वह रांझा-हीर के प्रेम का जिक्र करता है, जो मिलन के बाद एक नशे की तरह है, जिसे पी लेने को कहता है।
गाने का मुख्य हिस्सा "तू मैनू" रिपीट होता है, जिसका मतलब है "तू मुझे," और यह लाइनें "जचदी जावे" और "लंघ दी जावे" दोहराई जाती हैं, जो बताती हैं कि प्रेमिका का व्यक्तित्व और उसकी बातें गायक को बहुत भाती हैं और उसे पार कर जाती हैं, यानी वह उस पर पूरी तरह फिदा है। गाने में आगे शहर का जिक्र है, जहाँ गायक कहता है कि वह बेमतलब फॉलो करना छोड़ दे, और दिल्ली की क्वीन कहलाने वाली प्रेमिका के नखरे उसे जीवंत लगते हैं, लेकिन साथ ही वह चेतावनी देता है कि वह पीछे हट जाए, नहीं तो वह वार्न करेगा, और उसे अकेला छोड़ दे, क्योंकि वह उसके पीछे पागलों की तरह भटक रहा है।
आखिरी हिस्से में, गायक कहता है कि वह अब उम्मीद नहीं रखता, क्योंकि प्रेमिका के वादे झूठे हैं, और वह "तू मैनू" को "सोहणेया" यानी सुंदर कहकर पुकारता है, लेकिन दर्द भरे स्वर में दोहराता है कि वह उसे नहीं भाती, यह गाना प्यार की उलझन, आकर्षण और दर्द को साधारण हिंदी-पंजाबी मिक्स में पेश करता है, जो युवाओं को खूब अपील करता है।