बुढ़ऊ के मजेदार और व्यंग्यात्मक बोल – Bobby Cash की आवाज़ में जिद्दी बुढ़ऊ की कहानी। फटी अचकन, कमरिया लचकती, नज़रिया मटकती। Gulabo Sitabo का हिट गीत। पढ़ें पूरे लिरिक्स।
Budhau Lyrics in Hindi – Full Song Lyrics (बुढ़ऊ)
फ़टी अचकन के धागों पे लटके बुढ़ऊ
साँसें अटकी हैं फिर भी देखो ना सुधरे बुढ़ऊ
फ़टी अचकन के धागों पे लटके बुढ़ऊ
साँसें अटकी हैं फिर भी देखो ना सुधरे बुढ़ऊ
खटके ज़माने की आँखों में
उलझे गठरी की गाँठों में
नुक्कड़ पे बाज़ार में सैर सपाटा करे
फ़टी अचकन के धागों पे लटके बुढ़ऊ
साँसें अटकी हैं (साँसें अटकी हैं)
फिर भी देखो ना सुधरे बुढ़ऊ (सुधरे बुढ़ऊ)
खाली थाली में गाली परोसे बातों में दुनाली
अठन्नी रुपए का कमाए निवाला नखरे बेमिसाली
इसकी कमरिया लचकती नज़रिया मटकती
और मटके बुढ़ऊ
फ़टी अचकन के धागों पे लटके बुढ़ऊ
साँसें अटकी हैं फिर भी देखो ना सुधरे बुढ़ऊ
ना कोई समझा क्या ये चीज़ है बुढ़ऊ
इसकी बदतमीज़ी में थोड़ी सी तमीज़ है
रग रग में इसकी कारिस्तानी है
खुद ना सोए और नींदों को सुलाए चले
ये तो खाबों को ओढ़े बिछाए चले
छुपा दाढ़ी में तिनका घूमे ये अड़ियल बुढ़ऊ
फ़टी अचकन के (फ़टी अचकन के)
धागों को बुनले बुढ़ऊ (बुनले बुढ़ऊ)
साँसें अटकी हैं (साँसें अटकी हैं)
अब तो संभाल जा (तो संभाल जा)
दड़ियल बुढ़ऊ (दड़ियल बुढ़ऊ)
सुधर जा बुढ़ऊ
हो बुढ़ऊ
दड़ियल बुढ़ऊ
हम हम हम
बुढ़ऊ हम हम हम
गीतकार: दिनेश पंत
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About Budhau (बुढ़ऊ) Song
यह गाना "बुढ़ऊ" (Budhau) फिल्म "Gulabo Sitabo" से है, जिसमें Amitabh Bachchan, Ayushmann Khurrana, Farrukh Jaffar और Vijay Raaz जैसे बड़े कलाकार हैं। इस गाने को गाया है Bobby Cash ने, music compose किया है Anuj Garg ने, और lyrics लिखे हैं Dinesh Pant ने। यह song Zee Music Company के label पर रिलीज़ हुआ है। गाने की बात करें तो, यह एक मजेदार और थोड़ा व्यंग्यात्मक (satirical) अंदाज़ में बुड्ढे (old man) की ज़िंदगी को दिखाता है, जो फटी अचकन (torn coat) पहने हुए है और साँसें अटकी हुई हैं, फिर भी वो नहीं सुधरता। यह एक ऐसा character है जो बाज़ार में घूमता है, खाली थाली में गालियाँ परोसता है, और अपने अनोखे नखरे दिखाता है। गाने में उसकी कमरिया लचकती और नज़रिया मटकती है, जो उसे और भी दिलचस्प बनाता है।
गाने के बोल (lyrics) में "बुढ़ऊ" को एक ऐसे शख्स के रूप में दिखाया गया है जो बदतमीज़ी में भी थोड़ी तमीज़ रखता है, और उसकी रग-रग में कारिस्तानी (craftiness) है। वो खुद नहीं सोता बल्कि नींदों को सुलाता है, यानी वो हमेशा चालाकी से अपना काम निकालता है। दाढ़ी में तिनका छुपाकर घूमने वाला यह "अड़ियल बुढ़ऊ" (stubborn old man) अपनी फटी अचकन के धागों को बुनता रहता है, और लोग उसे समझाने की कोशिश करते हैं कि "अब तो संभाल जा, दड़ियल बुढ़ऊ"। यह song एक तरह से उम्र के इस पड़ाव पर भी इंसान की ज़िद और मस्ती को दर्शाता है, जो देखने में मजेदार लगता है।
यह गाना अपने catchy tune और funny lyrics की वजह से लिसनर्स को बहुत पसंद आया था। इसमें Amitabh Bachchan और Ayushmann Khurrana की केमिस्ट्री भी अच्छी दिखती है। अगर आप इस गाने को सुनेंगे, तो आपको "बुढ़ऊ" के किरदार का एक दिलचस्प और हल्का-फुल्का चित्रण देखने को मिलेगा, जो आपको हंसाने के साथ-साथ सोचने पर भी मजबूर करता है।
Song Details
| Song | बुढ़ऊ लिरिक्स (Budhau Lyrics in Hindi) – Bobby Cash | Gulabo Sitabo |
|---|---|
| Album | Gulabo Sitabo Movie Songs Lyrics 2020 |
Frequently Asked Questions
Which album is "बुढ़ऊ लिरिक्स (Budhau Lyrics in Hindi) – Bobby Cash | Gulabo Sitabo" from?
The song is from the album "Gulabo Sitabo Movie Songs Lyrics 2020".