छलावा के बोल | Kennedy का दार्शनिक और गहरा poem। Aamir Aziz ने लिखा और गाया। झूठ, डर और भ्रम के इस शहर में, "गहरी काली रात में अँधेरा साफ दिखता है"। Rahul Bhat, Sunny Leone की फिल्म।
Chhalawa - Poem Lyrics in Hindi – Full Song Lyrics (छलावा)
झूठ हर होंठ पे सवार,
हर नज़र को मौत की लज़्ज़त।
ज़माना खून का लतियल
शहर को ख़ौफ़ की लज़्ज़त।
झुटपुटे के वक़्त
धोखा नज़र का खूब बिकता है।
गहरी काली रात में
अँधेरा साफ दिखता है।
गीतकार: आमिर अज़ीज़
About Chhalawa - Poem (छलावा) Song
Song title "छलावा" के बारे में जानकारी, यह एक poem है जिसका नाम "Chhalava" है, poetry को लिखा और perform किया है Aamir Aziz ने, और यह movie "Kennedy" से है जिसमें Rahul Bhat और Sunny Leone मुख्य कलाकार हैं, music Zee Music Company के तहत release हुआ है।
lyrics में गहरी भावनाएं हैं, पहली line कहती है "झूठ हर होंठ पे सवार, हर नज़र को मौत की लज़्ज़त", यानी हर कोई झूठ बोल रहा है और हर नज़र में मौत का डर है, फिर आगे कहा गया है "ज़माना खून का लतियल, शहर को ख़ौफ़ की लज़्ज़त", मतलब यह दौर खून से सना हुआ है और पूरे शहर में डर का माहौल है।
आखिरी lines में कहा गया है "झुटपुटे के वक़्त धोखा नज़र का खूब बिकता है, गहरी काली रात में अँधेरा साफ दिखता है", यह दर्शाता है कि अंधेरे और उजाले के बीच के समय में धोखा सबसे ज्यादा होता है, और गहरी रात में सच्चाई साफ दिखने लगती है, overall यह song समाज की कड़वी सच्चाई और भ्रम (chhalava) के बारे में है।